बाइबल के 200 मुख्य लोगों की सूची जिसमें उनके अच्छे या बुरे कामों को एक पंक्ति में स्पष्ट किया गया है।

बाइबल के 200 मुख्य लोगों की सूची जिसमें उनके अच्छे या बुरे कामों को एक पंक्ति में स्पष्ट किया गया है।

उत्पत्ति (Genesis)

  1. आदम: पहला मनुष्य जिसने परमेश्वर की आज्ञा तोड़कर दुनिया में पाप को प्रवेश करने दिया।
  2. हव्वा: पहली स्त्री जिसने शैतान के बहकावे में आकर वर्जित फल खाया और पति को भी दिया।
  3. कैन: आदम का पहला बेटा जिसने ईर्ष्या में आकर अपने धर्मी भाई हाबिल की हत्या की।
  4. हाबिल: परमेश्वर का वफादार जिसने सही बलिदान चढ़ाया और अपने भाई द्वारा मारा गया।
  5. शेत: आदम का तीसरा बेटा जिसके वंश से धर्मी लोगों की वंशावली आगे बढ़ी।
  6. हनोक: वह धर्मी व्यक्ति जो परमेश्वर के साथ चला और मृत्यु को देखे बिना सीधे स्वर्ग उठा लिया गया।
  7. मतूशेलह: बाइबल में सबसे लंबी आयु जीने वाला व्यक्ति, जो परमेश्वर के लंबे अनुग्रह को दर्शाता है।
  8. नूह: धर्मी व्यक्ति जिसने परमेश्वर की आज्ञा से जहाज बनाया और बाढ़ से अपने परिवार को बचाया।
  9. शेम: नूह का आज्ञाकारी बेटा जिसने अपने पिता की नग्नता ढाँपकर उसका सम्मान किया।
  10. हाम: नूह का बेटा जिसने अपने पिता का मजाक उड़ाकर अपने वंश (कनान) पर श्राप लाया।
  11. येपेत: नूह का दूसरा बेटा जिसने पिता का आदर किया और परमेश्वर की आशीष पाई।
  12. तेरह: अब्राहम का पिता जो कनान के लिए निकला पर मूर्तियों का आराधक ही रहा।
  13. अब्राहम: विश्वास का महान पिता जिसने परमेश्वर की आज्ञा से अपना घर-बार छोड़ दिया।
  14. सारा: अब्राहम की पत्नी जिसने बुढ़ापे में विश्वास से प्रतिज्ञा के पुत्र (इसहाक) को जन्म दिया।
  15. हाजिरा: सारा की मिस्री दासी जिससे इश्माएल का जन्म हुआ और जो घमंड में भर गई थी।
  16. इश्माएल: अब्राहम का पहला बेटा जो परमेश्वर की कृपा से एक बड़े राष्ट्र का पिता बना।
  17. लूत: अब्राहम का भतीजा जिसने पापी शहर सदोम को चुना पर फरिश्तों द्वारा बचाया गया।
  18. लूत की पत्नी: जिसने चेतावनी के बाद भी दुनियावी मोह में सदोम की ओर मुड़कर देखा और नमक का खंभा बन गई।
  19. इसहाक: अब्राहम का प्रतिज्ञा का पुत्र जो परमेश्वर की आज्ञा पर खुद को बलिदान करने के लिए तैयार था।
  20. रिबका: इसहाक की पत्नी जिसने धोखे से अपने छोटे बेटे याकूब को पिता का आशीर्वाद पाने में मदद की।
  21. याकूब: इसहाक का बेटा जिसने भाई का पहलौठापन लिया और जिसका नाम परमेश्वर ने इस्राएल रखा।
  22. एसाव: याकूब का भाई जिसने केवल एक कटोरे भोजन के लिए अपना कीमती पहलौठापन बेच दिया।
  23. लाबान: याकूब का धोखेबाज़ मामा जिसने उसकी मजदूरी कई बार बदली और बेटियों की शादी में धोखा दिया।
  24. लिआह: याकूब की उपेक्षित पत्नी जिसे परमेश्वर ने आशीष दी और जो मसीह के पूर्वज यहूदा की माँ बनी।
  25. राहेल: याकूब की सबसे प्रिय पत्नी और यूसुफ तथा बिन्यामीन की माँ।
  26. रूबेन: याकूब का बड़ा बेटा जिसने पिता की रखैल के साथ पाप करके अपना पहलौठापन खो दिया।
  27. यहूदा: याकूब का बेटा जिसने पहले यूसुफ को बेचा, पर बाद में अपने छोटे भाई के लिए अपनी जान दांव पर लगाई।
  28. यूसुफ: जिसे भाइयों ने ईर्ष्या में बेचा, पर जिसने मिस्र का प्रधानमंत्री बनकर उन्हें अकाल से बचाया।
  29. पोतीपर: मिस्री अधिकारी जिसने यूसुफ को खरीदा और पत्नी के झूठ पर बिना जांच किए उसे जेल में डाल दिया।
  30. पोतीपर की पत्नी: वह दुष्ट स्त्री जिसने यूसुफ पर व्यभिचार का झूठा आरोप लगाकर उसे जेल भिजवाया।
  31. मिस्र का पिलाने वाला: अधिकारी जिसने जेल से छूटने के बाद यूसुफ की भलाई को भूलने की बड़ी गलती की।

निर्गमन से व्यवस्थाविवरण (Exodus to Deuteronomy)

  1. योकेबेद: मूसा की विश्वासी माँ जिसने राजा के क्रूर आदेश के खिलाफ अपने बच्चे की जान बचाई।
  2. फिरौन (निर्गमन): मिस्र का घमंडी राजा जिसने इस्राएलियों को दास बनाए रखा और दस विपत्तियों का सामना किया।
  3. मूसा: महान नेता जिसने इस्राएलियों को मिस्र की गुलामी से निकाला और परमेश्वर से व्यवस्था पाई।
  4. हारून: मूसा का भाई और पहला महायाजक जिसने डर के मारे सोने के बछड़े की मूर्ति बनवाने का पाप किया।
  5. मरियम: मूसा की बहन जिसने स्तुति गीत गाया, पर बाद में मूसा के खिलाफ विद्रोह करने पर कोढ़ी हो गई।
  6. सिय्योरा: मूसा की पत्नी जिसने अपने बेटे का खतना करके परमेश्वर के क्रोध से मूसा के प्राण बचाए।
  7. यित्रो: मूसा का ससुर जिसने मूसा को अकेले काम करने से रोककर न्याय करने की उत्तम सलाह दी।
  8. बेसलएल: कुशल कारीगर जिसे परमेश्वर ने पवित्र तंबू बनाने के लिए अपनी पवित्र आत्मा से भरा।
  9. ओहोलीआब: बेसलएल का मुख्य सहायक जिसने तंबू की उत्तम कारीगरी में पूरी लगन से योगदान दिया।
  10. नादाब: हारून का बेटा जो परमेश्वर को अशुद्ध आग चढ़ाने के भयंकर पाप के कारण आग से भस्म हुआ।
  11. अबीहू: नादाब का भाई जो परमेश्वर की पवित्रता का अपमान करने के कारण अपने भाई के साथ मारा गया।
  12. एलिआज़र: हारून का आज्ञाकारी बेटा जो पिता की मृत्यु के बाद इस्राएल का वफादार महायाजक बना।
  13. पीनहास: वह जोशीला याजक जिसने पाप करने वालों को भाले से मार कर इस्राएल से भयंकर महामारी रोकी।
  14. कोरह: घमंडी लेवीय जिसने मूसा के अधिकार का कड़ा विरोध किया और धरती फटने से जीवित ही निगल लिया गया।
  15. सीहोन: एमोरियों का अड़ियल राजा जिसने इस्राएलियों को रास्ता नहीं दिया और युद्ध में मारा गया।
  16. ओग: बाशान का विशाल राजा जो परमेश्वर की प्रजा के खिलाफ लड़ा और पूरी तरह नष्ट हुआ।
  17. बालाक: मोआब का राजा जिसने इस्राएलियों से डरकर उन्हें श्राप दिलवाने के लिए बिलाम को किराए पर लिया।
  18. बिलाम: वह लालची नबी जिसे परमेश्वर ने रोका और जिसकी गदही ने दूत को देखकर उससे बात की।

यहोशू से रूत (Joshua to Ruth)

  1. यहोशू: मूसा का उत्तराधिकारी जिसने पूरे विश्वास से इस्राएलियों को प्रतिज्ञा के देश कनान में प्रवेश कराया।
  2. कालेब: वह वफादार जासूस जिसने परमेश्वर पर अटूट विश्वास किया कि वे कनानियों के दिग्गजों को हरा सकते हैं।
  3. राहाब: यरीहो की वेश्या जिसने इस्राएली जासूसों की जान बचाई और विश्वास के कारण यीशु की वंशावली में आई।
  4. आकान: वह लालची व्यक्ति जिसने यरीहो की लूट का माल चुराया जिससे इस्राएल को युद्ध में करारी हार मिली।
  5. ओत्नीएल: इस्राएल का पहला न्याययी जिसने देश को विदेशी राजा की गुलामी से आजाद कराया।
  6. एहूद: चतुर न्याययी जिसने मोआब के मोटे राजा एग्लोन को अकेले में पेट में छुरा घोंपकर मार डाला।
  7. शमगर: वीर न्याययी जिसने केवल एक बैल हाँकने वाले डंडे से 600 पलिश्तियों को मार कर देश बचाया।
  8. दबोरा: इस्राएल की एकमात्र महिला न्याययी और नबिया जिसने सेना का हौसला बढ़ाकर युद्ध में जीत दिलाई।
  9. बाराक: वह सेनापति जिसने दबोरा के साथ मिलकर कनानियों की भारी सेना को धूल चटाई।
  10. याएल: साहसी स्त्री जिसने सोते हुए कनानी सेनापति सीसरा के माथे में तंबू की खूंटी ठोक दी।
  11. सीसरा: क्रूर कनानी सेनापति जो युद्ध हारकर डर से भागा और एक स्त्री के हाथों मारा गया।
  12. गिदोन: डरपोक युवक जिसने परमेश्वर की सामर्थ्य से केवल 300 लोगों के साथ बड़ी सेना को हराया।
  13. अबीमेलेक: गिदोन का दुष्ट लालची बेटा जिसने सत्ता हथियाने के लिए अपने 70 भाइयों की हत्या कर दी।
  14. यिप्तह: महान योद्धा जिसने युद्ध जीतने पर बिना सोचे-समझे अपनी ही बेटी की बलि देने की मन्नत पूरी की।
  15. शिमशोन: अपार बलशाली न्याययी जिसने वासना में पड़कर ताकत खो दी, पर अंत में दुश्मनों का नाश किया।
  16. दलीला: धोखेबाज़ स्त्री जिसने लालच में आकर शिमशोन की ताकत का राज दुश्मनों को बता दिया।
  17. मीका (न्यायियों की पुस्तक): जिसने अपने घर में मूर्तियाँ बनाकर इस्राएल में भारी धार्मिक पतन को बढ़ावा दिया।
  18. नाओमी: रूत की सास जिसने भारी दुख झेला पर विश्वास के कारण अंत में परमेश्वर की कृपा से आनंदित हुई।
  19. रूत: मोआबी विधवा जिसने सच्चे परमेश्वर को अपनाया और अपनी वफादारी से राजा दाऊद की परदादी बनी।
  20. बोअज़: एक धर्मी और अमीर व्यक्ति जिसने रूत से विवाह करके उसके परिवार को भुखमरी से उबारा।

शमूएल की पुस्तकें (1 & 2 Samuel)

  1. हन्ना: शमूएल की माँ जिसने बांझपन के दुख में प्रार्थना की और बेटे को परमेश्वर को समर्पित किया।
  2. एल्काना: हन्ना का पति जो परमेश्वर का भक्त था और अपनी पत्नी से सच्चा प्रेम करता था।
  3. पेनिन्ना: हन्ना की सौतन जो उसे बच्चे न होने के कारण लगातार ताने मारकर मानसिक प्रताड़ना देती थी।
  4. एली: महायाजक जो परमेश्वर का सेवक था पर अपने दुष्ट बेटों को अनुशासित करने में विफल रहा।
  5. होप्नी: एली का दुष्ट बेटा जिसने परमेश्वर के याजक पद को अपने लालच और पाप से कलंकित किया।
  6. पीनहास (एली का बेटा): दूसरा पापी याजक जो युद्ध में परमेश्वर के सन्दूक के साथ मारा गया।
  7. शमूएल: महान नबी और न्याययी जिसने इस्राएल के पहले दो राजाओं, शाऊल और दाऊद का अभिषेक किया।
  8. शाऊल: इस्राएल का पहला राजा जिसने अच्छी शुरुआत की पर अहंकार के कारण परमेश्वर का अनुग्रह खो दिया।
  9. योनातान: शाऊल का वीर बेटा और दाऊद का पक्का मित्र जिसने पिता के क्रोध से दाऊद की जान बचाई।
  10. अगाग: अमालेकियों का क्रूर राजा जिसे शाऊल ने जीवित छोड़ा, पर शमूएल ने परमेश्वर की आज्ञा से मार डाला।
  11. दाऊद: इस्राएल का महान राजा जो परमेश्वर के मन के अनुसार था, पर जिसने व्यभिचार और हत्या का पाप भी किया।
  12. गोलियत: पलिश्ती दानव जिसे दाऊद ने परमेश्वर के नाम से केवल एक गोफन और पत्थर से मार गिराया।
  13. मीकल: दाऊद की पत्नी जिसने दाऊद को परमेश्वर के सन्दूक के आगे खुशी से नाचते देख उसका तिरस्कार किया।
  14. नाबाल: मूर्ख और कंजूस व्यक्ति जिसने संकट में दाऊद की मदद करने से इंकार किया और परमेश्वर की मार से मरा।
  15. अबीगैल: नाबाल की समझदार पत्नी जिसने दाऊद को क्रोध में आकर सामूहिक हत्या के पाप से रोका।
  16. अबनेर: शाऊल का मुख्य सेनापति जिसे यौआब ने पुरानी दुश्मनी के चलते धोखे से कत्ल कर दिया।
  17. ईशबोशेत: शाऊल का बेटा जो कुछ समय के लिए राजा बना पर अपने ही विश्वासघाती सेवकों द्वारा मारा गया।
  18. यौआब: दाऊद का वीर पर क्रूर सेनापति जिसने युद्ध जीते लेकिन साज़िश से अपने विरोधियों की हत्याएं कीं।
  19. आसाहेल: यौआब का तेज दौड़ने वाला भाई जो अपनी जल्दबाज़ी के कारण अबनेर का पीछा करते हुए मारा गया।
  20. मपीबोशेत: योनातान का अपाहिज बेटा जिसे दाऊद ने अपनी मित्रता की खातिर राजमहल में शरण और सम्मान दिया।
  21. बतशेबा: उरिय्याह की पत्नी जिसके साथ दाऊद ने पाप किया, और जो बाद में राजा सुलैमान की माँ बनी।
  22. उरिय्याह: दाऊद का वफादार शूरवीर जिसे दाऊद ने अपने पाप को छिपाने के लिए युद्ध में आगे कर मरवा दिया।
  23. नातान: वह निडर नबी जिसने राजा दाऊद को सीधे उसके पाप का एहसास कराकर पश्चाताप की राह दिखाई।
  24. अम्नोन: दाऊद का दुष्ट बेटा जिसने अपनी सौतेली बहन तामार के साथ दुष्कर्म का भयंकर पाप किया।
  25. तामार: दाऊद की बेटी जो अपने भाई की हवस का शिकार बनी और जिसका पूरा जीवन दुख में बीता।
  26. अबशालोम: दाऊद का विद्रोही बेटा जिसने पिता का सिंहासन छीनने की कोशिश की और युद्ध में बुरी तरह मारा गया।
  27. अहीतोपेल: दाऊद का धोखेबाज़ सलाहकार जो विद्रोह में शामिल हुआ और योजना विफल होने पर फाँसी लगा ली।
  28. हुशै: दाऊद का चतुर मित्र जिसने अबशालोम के दरबार में जासूस बनकर अहीतोपेल की योजना को विफल किया।
  29. सादोक: वह वफादार महायाजक जो विद्रोह के कठिन समय में दाऊद के साथ मजबूती से खड़ा रहा।
  30. शीमी: वह व्यक्ति जिसने संकट के समय दाऊद पर पत्थर फेंके और श्राप दिया, जिसे दाऊद ने उस वक्त माफ कर दिया।
  31. बनायाह: दाऊद का शूरवीर जो बाद में सुलैमान का सेनापति बना और राज्य के विद्रोहियों को मृत्युदंड दिया।
  32. गाद: दाऊद का वफादार नबी जिसने दाऊद को परमेश्वर के दंड के विकल्प बताकर उसे सही रास्ता दिखाया।

राजाओं और इतिहास की पुस्तकें (Kings & Chronicles)

  1. सुलैमान: दाऊद का बेटा जो अपनी अपार बुद्धि के लिए जाना गया, पर विदेशी पत्नियों के कारण मूर्तिपूजा में गिर गया।
  2. रहबाम: सुलैमान का घमंडी बेटा जिसके कठोर और मूर्खतापूर्ण निर्णयों से इस्राएल का राज्य दो हिस्सों में बंट गया।
  3. यारोबाम: उत्तरी राज्य इस्राएल का पहला राजा जिसने लोगों को यहोवा से दूर करने के लिए सोने के बछड़े बनाए।
  4. आसा: यहूदा का राजा जिसने मूर्तिपूजा हटाई, पर जीवन के अंत में परमेश्वर के बजाय वैद्यों पर भरोसा किया।
  5. यहोशापात: यहूदा का धर्मी राजा जिसने परमेश्वर की खोज की, पर दुष्ट राजा अहाब के साथ मित्रता करके भारी गलती की।
  6. ओम्री: इस्राएल का राजा जिसने सामरिया शहर बसाया पर परमेश्वर की दृष्टि में अपने पूर्वजों से भी भयंकर बुराई की।
  7. अहाब: इस्राएल का दुष्ट राजा जिसने ईज़ेबेल के प्रभाव में आकर देश में बाल देवता की पूजा को बहुत बढ़ावा दिया।
  8. ईज़ेबेल: अहाब की अत्यंत क्रूर पत्नी जिसने परमेश्वर के नबियों की हत्या करवाई और निर्दोषों को मरवाया।
  9. ओबद्याह (मंत्री): राजा अहाब के महल का अधिकारी जिसने अपनी जान जोखिम में डालकर ईज़ेबेल से 100 नबियों की जान बचाई।
  10. नाबोत: धर्मी व्यक्ति जिसने अपनी पैतृक दाख की बारी बेचने से इंकार किया और धोखे से पत्थरों से मार डाला गया।
  11. मिकायह: निडर नबी जिसने 400 झूठे नबियों के विपरीत राजा अहाब की मृत्यु की बिल्कुल सच्ची भविष्यवाणी की।
  12. एलिय्याह: महान नबी जिसने कर्मेल पर्वत पर बाल के पुजारियों को हराया और बवंडर में स्वर्ग उठा लिया गया।
  13. एलीशा: नबी जिसने एलिय्याह का दोगुना आत्मा पाया, मृत बच्चे को जिंदा किया और कई अद्भुत चमत्कार किए।
  14. नामान: अरामी सेनापति जिसे एलीशा के कहने पर यरदन नदी में सात बार डुबकी लगाने से कोढ़ से पूर्ण चंगाई मिली।
  15. गेहजी: एलीशा का लालची सेवक जिसने नामान से झूठ बोलकर धन ऐंठा और परमेश्वर के दंड से कोढ़ी हो गया।
  16. येहू: सेनापति जिसने अहाब और ईज़ेबेल के दुष्ट घराने का बड़ी क्रूरता से अंत करके परमेश्वर की आज्ञा पूरी की।
  17. अतल्याह: ईज़ेबेल की क्रूर बेटी जिसने यहूदा की सत्ता हथियाने के लिए अपने ही निर्दोष पोतों की हत्या करवा दी।
  18. यहोयादा: महान महायाजक जिसने बालक योआश को हत्यारी अतल्याह से बचाकर राजा बनाया और यहोवा की आराधना लौटाई।
  19. योआश: वह राजा जिसने बचपन में मंदिर की मरम्मत करवाई पर यहोयादा की मृत्यु के बाद भटककर मूर्तिपूजा में पड़ गया।
  20. अमस्याह: राजा जिसने शुरुआत में सही काम किए, पर युद्ध जीतने के बाद घमंड में आकर हारे हुए देश के देवताओं की पूजा की।
  21. उज्जिय्याह: शक्तिशाली राजा जो अपनी ताकत के घमंड में आकर मंदिर में धूप जलाने गया और परमेश्वर के दंड से कोढ़ी हुआ।
  22. आहाज: अत्यंत दुष्ट राजा जिसने परमेश्वर के मंदिर के दरवाजे बंद किए और अपने ही बच्चों को मूर्तियों के लिए आग में होम कर दिया।
  23. हिजकिय्याह: धर्मी राजा जिसने पूरे देश से मूर्तिपूजा को खत्म किया और प्रार्थना से अपना जीवन 15 वर्ष बढ़वाया।
  24. मनश्शे: यहूदा का राजा जिसने भयंकर पाप किए, लेकिन बंधुआई के गहरे दुख में सच्चा पश्चाताप करके परमेश्वर की क्षमा पाई।
  25. योशिय्याह: यहूदा का एक युवा राजा जिसने परमेश्वर की व्यवस्था की पुस्तक मिलने पर पूरे देश में महान सुधार किए।
  26. हुल्दा: वह नबिया जिसे राजा योशिय्याह ने व्यवस्था की पुस्तक मिलने पर परमेश्वर की इच्छा जानने के लिए विशेष रूप से चुना।
  27. यहोयाकीम: घमंडी राजा जिसने क्रोध में आकर यिर्मयाह नबी के भविष्यवाणी के ग्रंथ को फाड़कर आग में जला दिया।
  28. सिदकिय्याह: यहूदा का अंतिम राजा जिसने चेतावनी अनसुनी कर बाबुल से विद्रोह किया और जिसके परिणामस्वरूप उसे अंधा कर दिया गया।

एज्रा से एस्तेर (Ezra to Esther)

  1. कुस्रू (Cyrus): फारस का राजा जिसे परमेश्वर ने यहूदियों को वापस यरूशलेम जाकर मंदिर बनाने की अनुमति देने के लिए उभारा।
  2. जरुब्बाबेल: वह साहसी नेता जिसने यहूदियों के साथ यरूशलेम लौटकर परमेश्वर के दूसरे मंदिर की नींव रखी।
  3. एज्रा: याजक और शास्त्री जिसने बंधुआई से लौटकर लोगों को परमेश्वर की व्यवस्था सिखाई और आध्यात्मिक जागृति लाई।
  4. नहेमायाह: राजा का पिलाने वाला जिसने परमेश्वर की अगुवाई में भारी विरोध के बावजूद यरूशलेम की टूटी हुई दीवार को फिर से बनाया।
  5. सनबल्लत: यरूशलेम की दीवार बनाने के काम का कट्टर विरोधी जिसने काम रोकने की हर मुमकिन साज़िश रची।
  6. तोबिय्याह: सनबल्लत का मुख्य साथी जिसने नहेमायाह के पवित्र काम का जमकर मजाक उड़ाया और बाधाएं डालीं।
  7. अहासवेरोश: फारस का राजा जिसने बिना सोचे-समझे यहूदियों को मारने का आदेश दे दिया, पर बाद में एस्तेर के कहने पर उन्हें बचाया।
  8. वश्ती: फारस की रानी जिसने अपने शराबी पति के सामने प्रदर्शन की वस्तु बनने से साफ इंकार किया और अपना मुकुट खोया।
  9. एस्तेर: यहूदी अनाथ लड़की जो रानी बनी और महान साहस दिखाते हुए अपने लोगों को नरसंहार से बचाया।
  10. मोर्दकै: एस्तेर का चचेरा भाई जिसने यहूदियों को बचाने की योजना बनाई और दुष्ट हामान के अहंकार को तोड़ा।
  11. हामान: फारस का घमंडी मंत्री जिसने यहूदियों को नष्ट करने की साजिश रची और अंततः खुद ही फाँसी पर लटकाया गया।

अय्यूब और भविष्यद्वक्ता (Job, Psalms, Prophets)

  1. अय्यूब: धर्मी मनुष्य जिसने शैतान द्वारा सब कुछ छिन जाने और भयंकर कष्ट सहने के बाद भी परमेश्वर पर विश्वास नहीं छोड़ा।
  2. एलीपज: अय्यूब का मित्र जिसने उसे गलत तरीके से दोषी ठहराया कि उसके पापों के कारण ही यह विपत्ति आई है।
  3. यशायाह: महान नबी जिसने यीशु मसीह के जन्म, दुख और मृत्यु की बहुत स्पष्ट और शक्तिशाली भविष्यवाणियां कीं।
  4. यिर्मयाह: 'रोने वाला नबी' जिसने यहूदा के विनाश की चेतावनी दी और भारी कष्ट सहकर भी परमेश्वर का संदेश सुनाया।
  5. बारूक: यिर्मयाह का वफादार शास्त्री जिसने जान के खतरे के बावजूद परमेश्वर के संदेशों को लिखकर लोगों को सुनाया।
  6. एबेद-मेलेक: वह अधिकारी जिसने राजा से अनुमति लेकर यिर्मयाह नबी को कीचड़ भरे गड़हे से निकालकर उसकी जान बचाई।
  7. यहेजकेल: बाबुल में बंधुआ नबी जिसे परमेश्वर ने सूखी हड्‍डियों की घाटी का दर्शन देकर इस्राएल की पूर्ण बहाली का संदेश दिया।
  8. दानिय्येल: परमेश्वर का वफादार नबी जिसने प्रार्थना करना नहीं छोड़ा और शेरों की मांद में से सुरक्षित बचाया गया।
  9. शद्रक: दानिय्येल का मित्र जिसने सोने की मूरत को दंडवत करने से इंकार किया और धधकते भट्ठे से सुरक्षित निकला।
  10. मेशक: दानिय्येल का दूसरा मित्र जो भट्ठे की भयंकर आग में भी परमेश्वर के दूत द्वारा पूरी तरह बचाया गया।
  11. अबेदनगो: दानिय्येल का तीसरा मित्र जिसने मृत्यु के खतरे में भी केवल सच्चे परमेश्वर की आराधना करने का निर्णय लिया।
  12. नबूकदनेस्सर: बाबुल का घमंडी राजा जिसे परमेश्वर ने जानवर जैसा बना दिया, और बाद में उसने यहोवा को प्रभु माना।
  13. बेलशस्सर: बाबुल का राजा जिसने मंदिर के पवित्र बर्तनों का शराब पीने में अपमान किया और उसी रात मारा गया।
  14. दारा (मादी): राजा जिसने दानिय्येल को मजबूरी में शेरों की मांद में डाला पर उसके सुरक्षित बचने पर परमेश्वर की महिमा की।
  15. होशे: नबी जिसे परमेश्वर ने एक वेश्या से विवाह करने को कहा ताकि वह इस्राएल के प्रति परमेश्वर के अचूक प्रेम को दर्शा सके।
  16. आमोस: एक साधारण चरवाहा जिसे परमेश्वर ने सामाजिक अन्याय और दिखावटी धर्म के खिलाफ गंभीर चेतावनी देने भेजा।
  17. योना: वह नबी जो परमेश्वर से भागकर बड़ी मछली के पेट में गया और बाद में नीनवे शहर को पश्चाताप का संदेश सुनाया।
  18. मीका: वह नबी जिसने धनवानों के अन्याय के खिलाफ आवाज उठाई और बेतलेहेम में मसीह के जन्म की सटीक भविष्यवाणी की।
  19. नहूम: नबी जिसने नीनवे शहर की भयंकर क्रूरता के खिलाफ परमेश्वर के न्याय और उसके संपूर्ण विनाश की भविष्यवाणी की।
  20. हबक्कूक: नबी जिसने अन्याय देखकर परमेश्वर से सवाल किए, लेकिन अंततः हर कठिन परिस्थिति में परमेश्वर पर आनंदित रहने का निर्णय लिया।
  21. सपन्याह: वह नबी जिसने यहूदा के लोगों को 'यहोवा के भयानक दिन' की कड़ी चेतावनी दी और उन्हें पश्चाताप के लिए बुलाया।
  22. हाग्गै: नबी जिसने स्वार्थी लोगों को अपने घरों के बजाय परमेश्वर के मंदिर का पुनर्निर्माण करने के लिए प्रेरित किया।
  23. जकर्याह (नबी): जिसने मंदिर के निर्माण को प्रोत्साहित किया और यीशु मसीह के यरूशलेम में गधे पर प्रवेश करने की भविष्यवाणी की।
  24. मलाकी: पुराने नियम का अंतिम नबी जिसने लोगों को उनके पापों के लिए डांटा और आने वाले मसीहा के मार्गदर्शक की भविष्यवाणी की।

सुसमाचार (The Gospels)

  1. जकर्याह (नया नियम): यूहन्ना का पिता (याजक) जिसने स्वर्गदूत की बात पर संदेह किया पर बाद में आज्ञा मानकर परमेश्वर की स्तुति की।
  2. इलीशिबा: यूहन्ना बपतिस्मा देने वाले की माँ जो बुढ़ापे तक बांझ रही, लेकिन जिसने परमेश्वर पर अटूट विश्वास बनाए रखा।
  3. यूहन्ना बपतिस्मा देने वाला: यीशु का मार्ग तैयार करने वाला महान नबी जिसने लोगों को पश्चाताप का बपतिस्मा दिया।
  4. मरियम: यीशु की सांसारिक माँ जिसे पवित्र आत्मा के द्वारा कुंवारी अवस्था में गर्भ ठहरा और उसने आज्ञाकारिता दिखाई।
  5. यूसुफ (नया नियम): मरियम का पति और एक धर्मी मनुष्य जिसने परमेश्वर के दूत की बात मानकर यीशु को अपना पुत्र माना।
  6. यीशु मसीह: परमेश्वर का पुत्र जिसने मानव जाति के पापों के लिए क्रूस पर अपनी जान दी और तीसरे दिन जी उठा।
  7. हेरोदेस महान: क्रूर राजा जिसने यीशु के जन्म के समय उसे मारने के लिए बेतलेहेम के सभी छोटे बच्चों की हत्या करवा दी।
  8. शमौन (यरूशलेम): वह धर्मी वृद्ध व्यक्ति जिसने बाल यीशु को गोद में लेकर आशीष दी और उद्धारकर्ता को पहचाना।
  9. हन्ना (नबिया): एक वृद्ध नबिया जो दिन-रात मंदिर में प्रार्थना करती थी, और जिसने बाल यीशु को देखकर लोगों को सुसमाचार दिया।
  10. पतरस: यीशु का प्रमुख चेला जिसने डर के कारण यीशु का तीन बार इंकार किया, पर बाद में महान और निडर प्रेरित बना।
  11. अन्द्रियास: पतरस का भाई जिसने सबसे पहले यीशु को मसीहा के रूप में पहचाना और अपने भाई को मसीह के पास लाया।
  12. याकूब (जब्दी का पुत्र): यूहन्ना का भाई और यीशु का करीबी चेला जो मसीह के लिए शहीद होने वाला पहला प्रेरित बना।
  13. यूहन्ना: यीशु का 'प्रिय चेला' जिसने सुसमाचार, तीन पत्रियाँ और प्रकाशितवाक्य की अद्भुत पुस्तक लिखी।
  14. मत्ती: एक चुंगी लेने वाला पापी जिसे यीशु ने अपना चेला बनाया और जिसने पहला सुसमाचार (Gospel) लिखा।
  15. थोमा: वह चेला जिसने यीशु के जी उठने पर तब तक विश्वास नहीं किया जब तक कि उसने यीशु के घाव स्वयं नहीं देख लिए।
  16. यहूदा इस्करियोती: यीशु का वह चेला जिसने तीस चाँदी के सिक्कों के लालच में धोखे से मसीह को पकड़वा दिया।
  17. मरियम मगदलीनी: वह स्त्री जिसमें से यीशु ने सात दुष्टात्माएँ निकालीं, और जो जी उठने के बाद यीशु को देखने वाली पहली व्यक्ति थी।
  18. मार्था: लाजर की बहन जो यीशु की शारीरिक सेवा में व्यस्त रहती थी, लेकिन यीशु ने उसे आत्मिक बातों पर ध्यान देने को कहा।
  19. लाजर: मरियम और मार्था का भाई जिसे मरने के चार दिन बाद यीशु ने चमत्कारिक रूप से कब्र से जिंदा कर दिया।
  20. जक्कई: एक भ्रष्ट चुंगी लेने वाला जिसने यीशु से मिलने के बाद पश्चाताप किया और लूटा हुआ सारा धन वापस लौटा दिया।
  21. निकोदेमुस: फरीसी और यहूदी नेता जो रात के अंधेरे में यीशु के पास आया और बाद में यीशु को दफनाने में मदद की।
  22. काइफा: महायाजक जिसने अपने स्वार्थ और पद की ईर्ष्या के कारण यीशु को मरवाने के लिए क्रूर षड्यंत्र रचा।
  23. पुन्तियुस पीलातुस: रोम का हाकिम जिसने यह जानते हुए भी कि यीशु निर्दोष है, यहूदियों के दबाव में आकर उसे क्रूस पर चढ़ाने का आदेश दे दिया।
  24. हेरोदेस अन्तिपास: यीशु के समय का शासक जिसने अपनी नाजायज़ पत्नी के उकसावे में आकर यूहन्ना बपतिस्मा देने वाले का सिर कटवा दिया।
  25. बाराब्बस: वह खूंखार डाकू और हत्यारा जिसे क्रूर भीड़ के कहने पर पीलातुस ने यीशु के बदले आज़ाद कर दिया।
  26. अरिमथिया का यूसुफ: एक धनी यहूदी नेता जिसने साहस करके पीलातुस से यीशु का शव मांगा और उसे अपनी नई कब्र में दफनाया।

प्रेरितों के काम और पत्रियाँ (Acts & Epistles)

  1. स्तिफनुस: प्रारंभिक कलीसिया का पहला शहीद जिसे यीशु मसीह का सच्चा गवाह होने के कारण पत्थरों से मार डाला गया।
  2. फिलिप्पुस (प्रचारक): वह सुसमाचार प्रचारक जिसने सामरिया में बड़े चमत्कार किए और इथियोपियाई अधिकारी को बपतिस्मा दिया।
  3. पौलुस / शाऊल: मसीहियों का घोर सताने वाला जो दमिश्क के रास्ते में यीशु से मिलने के बाद सबसे महान मसीही प्रचारक बना।
  4. बरनबास: 'शांति का पुत्र' जिसने पौलुस को कलीसिया में शामिल होने में मदद की और हमेशा दूसरों का उत्साह बढ़ाया।
  5. सीलास: पौलुस का साथी जो उसके साथ जेल में बंद था और रात को भजन गाते समय भूकंप से उनकी बेड़ियाँ टूट गईं।
  6. लूका: एक यूनानी चिकित्सक और पौलुस का साथी जिसने लूका का सुसमाचार और प्रेरितों के काम की पुस्तक बड़े ध्यान से लिखी।
  7. कुरनेलियुस: वह रोमी सूबेदार जो पतरस के प्रचार से सुसमाचार सुनकर पवित्र आत्मा पाने वाला पहला गैर-यहूदी (अन्यजाति) बना।
  8. प्रिस्किल्ला: अक्विला की पत्नी और पौलुस की सहकर्मी जिसने अपुल्लोस को परमेश्वर का मार्ग अधिक सटीकता से समझाया।
  9. तीमुथियुस: पौलुस का युवा आत्मिक पुत्र और एक वफादार पादरी जिसे सुसमाचार के काम की बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई।
  10. फिलेमोन: एक धर्मी मसीही मालिक जिसे पौलुस ने पत्र लिखकर अपने भागे हुए दास ओनेसिमुस को मसीही प्रेम से माफ करने का आग्रह किया।

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